Shri Neeb karori maharaj Part-1 B228
🌹कहानी श्री नीब करौरी महाराज की🌹 अब- ग्राम नीब करौरी जिला- फरुखाबाद उत्तर प्रदेश (उत्तर प्रदेश के -(तब) आगरा जिले के नागउ ग्राम समूह के अकबरपुर ग्राम में एक कुलीन, संभ्रान्त, वैभव-पूर्ण ब्राह्मण परिवार में प्रगटे श्री लक्ष्मीनारायण शर्मा (बाबा जी महाराज) धन-धान्य से परिपूर्ण, सम्पत्ति युक्त अपने पूर्वजों की जमीन्दारी एवं वैभव को बाल्यावस्था-किशोरावस्था के बीच की वय में ही त्यागकर घर से निकल गये थे। जन कल्याणार्थ ,और वह सुप्रसिद्ध रेल-प्रसंग जिसे श्री के० एम० मुंशी ने अपने भवन्स जरनल में भी प्रकाशित करवा दिया था । अपनी मौज में एक दिन बाबा जी महाराज पास के स्टेशन से उस रेलगाड़ी के फर्स्ट क्लास डिब्बे में बैठ गये जो नीब करौरी गाँव से गुजरती थी । गाड़ी के कुछ मील तक चल चुकने के बाद डिब्बे में एक एंग्लो-इंडियन टिकट चेकर आ गया और एक अर्धनग्न भारतीय साधू को चिमटा कमण्डल लिये डिब्बे में बैठा देख अचकचा गया। टिकट मांगने पर नकारात्मक उत्तर पाकर उसने क्रोध में साधू को अपशब्दों से तिरस्कृत कर एक फ्लैग स्टेशन पर गाड़...